पिथौरागढ़, 02 अगस्त। 130 पर्यावरण बटालियन (टीए) की भर्ती में प्रतिभाग करने हेतु उत्तराखंड के विभिन्न जनपदों से पिथौरागढ़ पहुंचे पूर्व सैनिकों के स्वागत एवं उनके रात्रि विश्राम की समुचित व्यवस्था कर पूर्व सैनिक संगठन, पिथौरागढ़ ने सेवा, सम्मान और सैनिक भाईचारे का एक प्रेरणादायक उदाहरण प्रस्तुत किया है।

जनपद के इतिहास में यह पहली बार है कि बड़ी संख्या में अन्य जनपदों से भर्ती में शामिल होने आए पूर्व सैनिकों के लिए संगठित रूप से आवास एवं आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था की गई है। यह पहल न केवल पूर्व सैनिकों के सम्मान की भावना को सशक्त करती है, बल्कि पिथौरागढ़ की अतिथि-देवो-भवः की समृद्ध परंपरा और जनपद की सकारात्मक छवि को भी पूरे प्रदेश के सामने प्रस्तुत करती है।

पूर्व सैनिक संगठन का मानना है कि जिन्होंने अपने जीवन का महत्वपूर्ण समय राष्ट्र की सेवा में समर्पित किया है, उनके पिथौरागढ़ आगमन पर सम्मानपूर्वक स्वागत और आवश्यक सहयोग करना प्रत्येक नागरिक का नैतिक दायित्व है। इसी उद्देश्य को लेकर संगठन निरंतर धरातल पर कार्य कर रहा है।

जनपद में सैनिक विश्राम गृह जैसी स्थायी सुविधा के अभाव के बावजूद संगठन ने अपने कार्यालय एवं सम्मान स्थल पर बाहर से आए पूर्व सैनिकों के ठहरने की व्यवस्था की है। इसके साथ ही अनेक स्थानीय पूर्व सैनिक अपने पुराने सैन्य साथियों एवं परिचितों को अपने घरों में रात्रि विश्राम के लिए आमंत्रित कर सैनिक भाईचारे की उत्कृष्ट मिसाल पेश कर रहे हैं।

रविवार शाम तक विभिन्न जनपदों से आए एक दर्जन से अधिक पूर्व सैनिक संगठन कार्यालय में पहुंच चुके थे। संगठन ने स्पष्ट किया है कि यदि देर रात्रि तक आने वाले पूर्व सैनिकों की संख्या में वृद्धि होती है तो अतिरिक्त व्यवस्था के लिए जिला प्रशासन एवं अन्य सहयोगी संस्थाओं का भी सहयोग लिया जाएगा। संगठन का लक्ष्य है कि पिथौरागढ़ आने वाले किसी भी पूर्व सैनिक को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।

पूर्व सैनिकों के पंजीकरण, मार्गदर्शन एवं आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराने का दायित्व संगठन के वरिष्ठ सलाहकार सूबेदार मेजर दिवाकर सिंह एवं देवेंद्र डिगारी द्वारा निभाया जा रहा है, जबकि संगठन कार्यालय में आने वाले पूर्व सैनिकों के आवास, भोजन एवं अन्य व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी क्षेत्र संयोजक हयात सिंह द्वारा प्रभावी ढंग से संचालित की जा रही है।

पूर्व सैनिक संगठन पूर्व में भी जनहित एवं सैनिक हित से जुड़े आयोजनों में उल्लेखनीय भूमिका निभाता रहा है। गत वर्ष पर्यावरण बटालियन भर्ती के दौरान लगभग 12,000 अभ्यर्थियों के भोजन प्रबंधन जैसी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी का सफलतापूर्वक निर्वहन संगठन द्वारा किया गया था। इस वर्ष पहली बार विशेष रूप से पूर्व सैनिकों के लिए आवास एवं सहयोग व्यवस्था उपलब्ध कराकर संगठन ने एक नई और सराहनीय परंपरा की शुरुआत की है।

बाहर से आए पूर्व सैनिकों ने संगठन की इस पहल की मुक्त कंठ से सराहना करते हुए कहा कि इस आत्मीय सहयोग और सम्मानपूर्ण व्यवस्था ने उन्हें अपने ही परिवार के बीच होने का एहसास कराया। संगठन ने सभी पूर्व सैनिकों से अपील की है कि किसी भी प्रकार की आवश्यकता होने पर वे बिना संकोच संगठन से संपर्क करें। पूर्व सैनिक संगठन हर संभव सहयोग के लिए पूर्णतः तत्पर है।