पिथौरागढ़

 

कोतवाली अस्कोट क्षेत्र में नाबालिग छात्रा के साथ शारीरिक शोषण कर उसे गर्भवती किए जाने के गंभीर प्रकरण में जनपद पुलिस द्वारा की जा रही विवेचना में आज महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त हुई है।
पुलिस अधीक्षक श्री अक्षय प्रहलाद कोंडे द्वारा, क्षेत्राधिकारी डीडीहाट श्री उमेश मलिक के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गयी थी । टीम ने छात्रा द्वारा जन्म दिए गए भ्रूण की तलाश हेतु एसएसबी डॉग स्क्वायड एवं फॉरेंसिक टीम कुल 40 पुलिस अधिकारी कर्मचारियों द्वारा जंगल क्षेत्र में सघन खोज अभियान चलाया गया।
 
लगभग 35 किमी दूर दुर्गम जंगल क्षेत्र में मिला महत्वपूर्ण साक्ष्य
तलाशी अभियान के दौरान अस्कोट से लगभग 35 किलोमीटर दूर खलगाड़ गधेरे के समीप जंगल क्षेत्र से उक्त भ्रूण के अवशेष बरामद किए गए। फॉरेंसिक टीम द्वारा आवश्यक विधिक कार्यवाही करते हुए अवशेषों को सुरक्षित सील कर कब्जे में लिया गया है।
 
वैज्ञानिक एवं निष्पक्ष जांच की दिशा में अहम कदम
बरामद साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच को और अधिक वैज्ञानिक एवं सशक्त बनाया जा रहा है। पुलिस द्वारा प्रकरण में सभी आवश्यक कानूनी कार्यवाही नियमानुसार की जा रही है।
 
अभियान में शामिल टीमें
▪️ क्षेत्राधिकारी डीडीहाट श्री उमेश मलिक
▪️ प्रभारी निरीक्षक एसओजी श्री नीरज भाकुनी
▪️ थानाध्यक्ष अस्कोट श्री सुरेश कम्बोज
▪️ थानाध्यक्ष थल श्री प्रकाश पाण्डेय
▪️ उपनिरीक्षक मीनाक्षी देव (विवेचक)
▪️ उपनिरीक्षक बसंत पंत
▪️ थाना कनालीछीना, कोतवाली डीडीहाट एवं अन्य पुलिस टीम
▪️ एसएसबी डॉग स्क्वायड टीम
▪️ फॉरेंसिक विशेषज्ञ टीम
तथा लगभग 40 पुलिस अधिकारी/ कर्मचारी सम्मिलित रहे।