पिथौरागढ़,।

मेडिकल कॉलेज में इसी सत्र से कक्षाएं शुरू कराने का प्रयास, अगले माह पासपोर्ट कार्यालय शुरू करने की तैयारी

ATMS को जल्द किया जाएगा संचालित, भारत-चीन सीमा व्यापार से जुड़े व्यापारियों की समस्याओं के समाधान का भरोसा
केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग राज्य मंत्री भारत सरकार श्री अजय टम्टा की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभागार, पिथौरागढ़ में मानसून काल के दौरान जनपद में प्रशासन द्वारा किए जा रहे राहत, बचाव एवं आपदा प्रबंधन कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिलाधिकारी आशीष कुमार भटगांई सहित संबंधित विभागों के अधिकारियों ने प्रतिभाग किया। इस दौरान जिलाधिकारी द्वारा उन्हें पुष्प गुच्छ भेंट कर उनका स्वागत किया गया।

बैठक में राज्यमंत्री ने मानसून के दौरान जनपद में सड़क मार्गों, पेयजल, विद्युत, स्वास्थ्य, खाद्य आपूर्ति तथा अन्य आवश्यक सेवाओं की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अतिवृष्टि एवं आपदा की स्थिति में राहत एवं बचाव कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए प्रभावित क्षेत्रों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए तथा आमजन को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की ओर से अवगत कराया गया कि जनपद की सभी तहसीलों में 24×7 आधार पर आपदा नियंत्रण कक्ष संचालित किए जा रहे हैं। मानसून अवधि में आपदा प्रबंधन के लिए अतिरिक्त मानव संसाधनों की तैनाती की गई है तथा संचार व्यवस्था को मजबूत रखने के लिए विभिन्न स्थानों पर सैटेलाइट फोन एवं वायरलेस सेट की व्यवस्था की गई है।

बैठक में सड़क मार्गों की स्थिति की भी समीक्षा की गई। जनपद में कुल 298 संवेदनशील सड़क स्थलों को चिन्हित किया गया है तथा मानसून के दौरान इन स्थानों पर सड़क मार्ग सुचारू रखने के लिए 145 जेसीबी/पोकलैंड मशीनों की तैनाती की गई है। आपातकालीन परिस्थितियों के लिए चार बैली ब्रिज भी उपलब्ध रखे गए हैं।

राज्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि संवेदनशील सड़क मार्गों पर विशेष निगरानी रखते हुए बंद होने की स्थिति में तत्काल मशीनरी एवं कार्मिकों को मौके पर भेजकर यातायात सुचारू कराया जाए। साथ ही भूस्खलन एवं अन्य आपदा संभावित क्षेत्रों में चेतावनी बोर्ड लगाने तथा स्थानीय स्तर पर लोगों को जागरूक करने पर भी विशेष ध्यान दिया जाए।

बैठक में खाद्यान्न एवं ईंधन की उपलब्धता की समीक्षा के दौरान बताया गया कि दूरस्थ क्षेत्रों में तीन माह की अग्रिम खाद्यान्न आपूर्ति की जा चुकी है। जनपद के सभी पेट्रोल पंपों पर मानसून अवधि के लिए 4,000 लीटर डीजल एवं 3,000 लीटर पेट्रोल का रिजर्व रखा गया है। प्रत्येक रसोई गैस भंडार में 250 गैस सिलेंडर रिजर्व रखे गए हैं तथा सभी तहसीलों में 50-50 खाद्यान्न राहत किट तैयार रखी गई हैं।

स्वास्थ्य व्यवस्थाओं की समीक्षा के दौरान बताया गया कि जनपद में विभागीय एवं 108 एंबुलेंस सहित कुल 41 एंबुलेंस उपलब्ध हैं। मानसून के दौरान विभिन्न विकासखंडों में चिकित्सा टीमों की तैनाती की गई है तथा जलजनित एवं मानसून के बाद होने वाले संक्रमणों से बचाव के लिए आवश्यक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की गई है।

राज्यमंत्री ने आपदा की स्थिति में त्वरित रिस्पांस के लिए एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, फायर सर्विस एवं अन्य बचाव दलों की तैनाती तथा उनकी तैयारियों की भी जानकारी ली। जिला आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा अब तक 46 खोज एवं बचाव प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित कर 4,710 प्रतिभागियों को प्रशिक्षित किया गया है।

बैठक में मानसून के दौरान हाल में हुई घटनाओं की भी समीक्षा की गई। 19 अगस्त 2026 को पहाड़ी से आए बोल्डर के कारण धारचूला-गुंजी मोटर मार्ग पर कुलागाड़ नामक स्थान पर लगभग 180 फीट लंबा बैली ब्रिज क्षतिग्रस्त होने की जानकारी दी गई।
राज्यमंत्री ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि मानसून की शेष अवधि में पूरी सतर्कता एवं समन्वय के साथ कार्य किया जाए। उन्होंने कहा कि आपदा की स्थिति में प्रशासन की प्राथमिकता जनजीवन की सुरक्षा, त्वरित राहत एवं आवश्यक सेवाओं की निरंतरता बनाए रखना होनी चाहिए। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को आपसी समन्वय मजबूत रखते हुए किसी भी आपात स्थिति में त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

बैठक में आपदा की दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्रों, सड़क एवं संचार व्यवस्था, जल जीवन मिशन, मेडिकल कॉलेज, कैलाश मानसरोवर यात्रा तथा भारत-चीन सीमा व्यापार सहित विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों की समीक्षा की गई।

केंद्रीय राज्यमंत्री श्री अजय टम्टा ने कहा कि पिथौरागढ़ आपदा की दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील जनपद है। ऐसे में मानसून के दौरान प्रशासन द्वारा लगातार ऑनलाइन मॉनिटरिंग की जा रही है। उन्होंने कहा कि जो भी क्षेत्र डेंजर जोन के रूप में चिह्नित हैं तथा जहां स्लोप प्रोटेक्शन एवं अन्य सुरक्षात्मक कार्य आवश्यक हैं, वहां तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है। उन्होंने बताया कि जनपद में विभिन्न राहत एवं बचाव कार्यों के लिए लगभग 145 मशीनें तैनात की गई हैं।
उन्होंने कहा कि आपदा में पूर्ण रूप से क्षतिग्रस्त आवासों के लिए प्रभावित परिवारों को भवन निर्माण हेतु निर्धारित सहायता उपलब्ध कराई गई है, जबकि आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त भवनों के लिए भी मानकों के अनुरूप सहायता दी गई है। आपदा में हुई जनहानि के मामलों में भी शासन के निर्धारित मानकों के अनुसार सहायता उपलब्ध कराई गई है। संवेदनशील एवं संभावित खतरे वाले क्षेत्रों को चिह्नित किया गया है तथा आवश्यकता वाले स्थानों पर बैली ब्रिज लगाए जा रहे हैं, ताकि किसी भी स्थिति में आवागमन प्रभावित न हो।

श्री टम्टा ने कहा कि कैलाश मानसरोवर यात्रा की अंतिम वापसी यात्रा को लेकर भी प्रशासन द्वारा लगातार निगरानी की जा रही है। उन्होंने बताया कि चीन में हुई एक आकस्मिक घटना में प्रभावित व्यक्ति को हेलीकॉप्टर के माध्यम से एयरलिफ्ट कर परिवार तक पहुंचाने की व्यवस्था की गई। उन्होंने कहा कि आपदा के दौरान केंद्र एवं राज्य सरकार की गाइडलाइन के अनुरूप बीआरओ, पीएमजीएसवाई, लोक निर्माण विभाग तथा आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा किए जा रहे सभी राहत एवं बचाव कार्यों की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है।

केंद्रीय राज्यमंत्री ने जिला प्रशासन, जिलाधिकारी एवं उनकी पूरी टीम तथा पुलिस अधीक्षक एवं पुलिस विभाग के अधिकारियों की सराहना करते हुए कहा कि सभी विभागों और जनप्रतिनिधियों के सहयोग से आपदा की परिस्थितियों में बेहतर कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस वर्ष अभी तक वर्षा वर्ष 2024 के मुकाबले कम हुई है, लेकिन मानसून अभी समाप्त नहीं हुआ है। इसलिए सभी विभागों एवं अधिकारियों को अभी भी पूरी तरह सक्रिय और सतर्क रहने की आवश्यकता है।

केंद्रीय राज्यमंत्री श्री अजय टम्टा ने बताया कि मेडिकल कॉलेज का भी निरीक्षण किया गया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार, मुख्यमंत्री एवं केंद्र सरकार की इच्छा है कि पिथौरागढ़ मेडिकल कॉलेज में इसी सत्र से पहला शैक्षणिक सत्र प्रारंभ हो। इसी उद्देश्य से मेडिकल कॉलेज की प्रयोगशाला, प्रशासनिक भवन, छात्रावास एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई है।

उन्होंने बताया कि प्रथम वर्ष से लेकर चतुर्थ वर्ष तक के विद्यार्थियों के लिए आवश्यक व्यवस्थाओं, फैकल्टी की उपलब्धता तथा अन्य मानकों पर भी कार्य किया जा रहा है। कुछ फैकल्टी उपलब्ध हो चुकी हैं तथा शेष फैकल्टी की व्यवस्था की जा रही है। उन्होंने कहा कि जिलाधिकारी के साथ मेडिकल कॉलेज में बैठक कर सभी आवश्यक व्यवस्थाओं को शीघ्र पूरा करने तथा NMC के मानकों के अनुरूप मान्यता प्राप्त करने की दिशा में कार्य किया जा रहा है, ताकि जल्द से जल्द यहां विद्यार्थियों की पढ़ाई शुरू हो सके।

केंद्रीय राज्यमंत्री ने कहा कि पिथौरागढ़ में पासपोर्ट कार्यालय का कार्य अगले माह तक शुरू कराने का प्रयास किया जा रहा है। इसके साथ ही ऑटोमेटिक ड्राइविंग टेस्टिंग स्टेशन (ATMS) को भी शीघ्र संचालित किए जाने की दिशा में कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने बताया कि ATMS की आवश्यक ऑटोमेटिक मशीन बाहर से आनी थी। मशीन को संबंधित मंत्रालय के माध्यम से वाहन पोर्टल से जोड़कर जल्द संचालन में लाया जाएगा, जिससे जनपदवासियों को ड्राइविंग टेस्ट एवं लाइसेंस संबंधी कार्यों में हो रही परेशानियों से राहत मिलेगी।

उन्होंने कहा कि बैठक में आपदा, मेडिकल कॉलेज, सड़क, जल जीवन मिशन सहित जनपद से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों की समीक्षा की गई है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि बैठक में लिए गए निर्णयों का लाभ जनपदवासियों को मिलेगा।

भारत-चीन सीमा व्यापार के संबंध में केंद्रीय राज्यमंत्री ने कहा कि सीमा व्यापार से जुड़े व्यापारी लंबे समय से इस कार्य में लगे हुए हैं और कोविड महामारी के कारण भारत-चीन व्यापार बंद हो गया था। उन्होंने कहा कि यह व्यापारी उनके संसदीय क्षेत्र से जुड़े हैं और व्यापार को पुनः शुरू कराने के लिए उनके स्तर से भी लगातार प्रयास किए गए।

उन्होंने केंद्र सरकार एवं संबंधित केंद्रीय मंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके सहयोग से इस बार व्यापारियों को चीन जाने की अनुमति मिली है। उन्होंने कहा कि व्यापारियों के सामने आ रही समस्याओं का भी संज्ञान लिया गया है और आने वाले समय में इन समस्याओं का समाधान करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।

बैठक में दर्जा राज्यमंत्री गणेश भंडारी,अध्यक्ष जिला पंचायत जितेन्द्र प्रसाद, मेयर नगर निगम कल्पना देवलाल, जिलाधिकारी आशीष कुमार भटगांई, पुलिस अधीक्षक अक्षय प्रहलाद कोंडे, मुख्य विकास डॉ0 दीपक सैनी, अपर जिलाधिकारी योगेन्द्र सिंह,मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ0 जेएस चुफाल,सहित लोक निर्माण विभाग, पीएमजीएसवाई, बीआरओ, सिंचाई, जल संस्थान, पेयजल निगम, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति, पुलिस, एसडीआरएफ, फायर सर्विस एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।