बेरीनाग (पिथौरागढ़)। रूढ़िवादी परंपराओं को तोड़ते हुए बेरीनाग में बेटियों ने पिता की अर्थी को कंधा दिया और चिता की मुखाग्नि दी।

विकासखंड के ग्राम पंचायत नैनीशतला के मोना गांव निवासी नंदन सिंह दशौनी का बिमारी के कारण सोमवार देर रात्रि को निधन हो गया था। नंदन सिंह का पुत्र नहीं होने के कारण विवाहित बेटियाँ हेमा कार्की और नीमा कार्की ने अपने पिता की अर्थी को कंधा देने के साथ मुखाग्नि देने की बात कही।
मंगलवार को सुबह शव यात्रा में दोनों बेटियों ने अपने पिता की अर्थी को कंधा देने के साथ ही थल रामगंगा नदी तट पर चिता को मुखाग्नि दी।
इस दौरान बेटियां भावुक नजर आईं।
इस दृश्य को देखकर वहां पर मौजूद सभी लोग भी भावुक हो गये। बेटियों ने कहा कि आज हमने बेटी होने के बाद भी बेटे का फर्ज निभाया। इनकी माँ का निधन एक वर्ष पूर्व हो गया था।